अजय देवगन ने बताया एक्टर बनने से पहले का नाम:एक ही नाम के तीन लड़के हो रहे थे लॉन्च, बहुत कन्फ्यूजन था
बॉलीवुड एक्टर अजय देवगन रविवार को जयपुर पहुंचे। उन्होंने राजापार्क स्थित पिंक स्क्वायर मॉल के पिक्चर हॉल में अपनी फिल्म 'भोला' और करियर पर बात की। साथ ही उन्होंने एक्टर बनने से पहले वाला नाम भी बताया।
उन्होंने कहा- फिल्म भोला की कहानी साउथ फिल्म से इंस्पायर्ड है। यह रीमेक नहीं है। सभी किरदार अलग तरह से बनाए गए हैं। इसे अपने तरीके से प्रजेंट किया गया, हमारे मार्केट और हमारी ऑडियंस के हिसाब से।

अजय ने कहा- बतौर डायरेक्टर मैं सबसे पहले कहानी या आइडिया को मुश्किल बनाता हूं, फिर उसे आसान बनाता हूं, जिससे ऑडियंस के लिए कुछ नया निकलकर आए। इसी कारण शिवाय फिल्म में लोगों को नए तरीके का एक्शन देखने को मिला था।
अजय ने कहा कि भोला में जिस तरह के विजुअल हैं। इसके फॉर्मेट का भी हमने प्लान बनाया था। उसे अलग तरह से शूट किया। इस तरह का शूट करना हमारे देश में आसान नहीं होता है। हालांकि हमारे पास अब टेक्नोलॉजी, बजट और यूनीक थाॅट्स है। ऐसे में कुछ मुश्किलों के साथ हमने एक नए तरीके का सिनेमा बनाया है।

एक्शन और स्टंट स्वदेशी
अजय ने कहा- बताैर डायरेक्टर-एक्टर एक्शन या स्टंट करना बहुत मुश्किल है। डायरेक्टर के रूप में कई बार सोच लेते हैं कि यह अच्छे से हो जाएगा, लेकिन एक्टर के रूप में उसे करते हैं तो बहुत मुश्किल हो जाता है। अक्सर बॉलीवुड में एक्शन करने के लिए लोग हॉलीवुड से इंस्पायर हो जाते हैं। उनसे मिलते जुलते एक्शन क्रिएट किए जाते हैं।
अजय ने कहा- मेरी पूरी कोशिश रहती है कि मैं ऐसे एक्शन करूं जो लोगों ने देखा नहीं हो। अपनी एक अलग स्टाइल में हो। वह करते वक्त आपको नई चीज और नए तरीके से सोचना पड़ता है। यह घबराहट वाली बात नहीं है। इस दौरान कई तरह की दिक्कत भी आती है।

ऑस्कर जीतने पर पूरे देश को गर्व
उन्होंने कहा- मेरी फिल्म या किसी और की फिल्म ऑस्कर में पहुंची है। बात यह नहीं है। सही मायने में हमारे देश की फिल्म वहां पहुंची है। हमारे देश का नाम वहां लेकर गए हैं। यह हमारे लिए बड़ी बात है। मेरे लिए बहुत खुशी की बात है।

अजय देवगन का पहले नाम था विशाल
अजय ने बताया- फिल्मों में आने से पहले मेरा नाम विशाल देवगन था, लेकिन जब मेरी पहली फिल्म आ रही थी। तब तीन लड़के विशाल नाम से लॉन्च हो रहे थे। इतना ज्यादा कन्फ्यूजन था कि नाम बदलना पड़ा।फिल्म का नाम भोला क्यों?
भोला नाम कोई जानबूझकर नहीं रखा गया है। यह किरदार को ध्यान में रखकर किया गया है। ऐसा किरदार जो बहुत भोला है, उसे गुस्सा भी आता है। भोले का भक्त है। उसका किरदार उन्हीं की तरह बिहेव करता है। ऐसे में किरदार को देखते हुए ही फिल्म का नाम भोला रखा गया है।
फिल्म क्या मैसेज देगी?
फिल्में मैसेज देने के लिए नहीं, लोगों के एंटरटेनमेंट के लिए बनाई जाती है। ताकि लोग एन्जॉय कर सकें। संदेश लेने के लिए आप 200, 300 या 500 रुपए का टिकट नहीं खरीदेंगे। वैसे ही आप देखें कि हर एक फिल्म में एक अच्छा संदेश होता ही है। लोग उससे कनेक्ट करते हैं। हमारी फिल्म में बाप-बेटी का इमोशन है। इससे लोग इस रिश्ते की अहमियत से कनेक्ट करेंगे। ज्यादातर फिल्मों में इसी तरह के संदेश होते है। ओवरऑल यही कहूंगा कि ऑडियंस संदेश देखने के लिए फिल्म देखने नहीं आती, वह एंटरटेन होने के लिए आती है।

अजय को भेंट किया जयपुर का घेवर
अजय ने बताया- जयपुर मेरे लिए बहुत खास है, मैं बचपन से यहां आ रहा हूं। यहां मेरे दोस्त राज बंसल भी रहते हैं। हमने यहां शूट भी बहुत किया है। अगले महीने भी यहां शूट करने का प्लान कर रहा हूं। इस दौरान एक फैन राहुल मोसुन ने अजय को जयपुर का पसंदीदा घेवर गिफ्ट कर बर्थडे की अग्रिम शुभकामनाएं दी।


