क्षतिग्रस्त सड़कों पर चलने की कीमत चुका रहे है हम, पेचवर्क के नाम पर केवल मात्र खातापूर्ति
इन दिनों स्टेट हाइवे की सडकों के हालात खराब बने हुए है। जबकि संबंधित विभाग की ओर से 109 किलोमीटर सडक मार्ग पर चार जगह टोल लगाकर 660 रूपए वसूले जा रहे है। कस्बा नगर से भरतपुर सडक मार्ग की दूरी 55 किलोमीटर है। जिसपर राजस्थान राज्य सडक विकास निगम की ओर से पान्हौरी व कंजेली लाईन पर टोल स्थापित कर आवागमन को लेकर क्रमश: डेढ सौ व दो सौ रूपए की टोल वसूली की जा रही है।
जबकि उक्त सडक मार्ग जगह, जगह से गडढों में तब्दील हो चुका है। कई जगह सडक की एक तरफ की खुदाई कर छोड दिया है। ऐसे में वाहन में नुकसान होने व यात्री के साथ दुघर्टना का अंदेशा बना रहता है। वही दूसरी तरफ संबंधित ठेकेदार द्वारा नगर से डीग के बीच सडक मार्ग पर एक, दूसरे व तीसरे, चौथे गडढों को छोडकर पेचवर्क किया जा रहा है।
लेकिन गडढों के हालात ज्यौ के त्यौ होने से वाहन डीग की जगह नदबई सडक मार्ग से भरतपुर आवाजाही कर रहे है। इसी प्रकार नगर-अलवर रोड पर 54 किलोमीटर के दायरे में मौराका व अलवर स्थित रडूवा पूठ स्थित टोल पर भारी वाहनों से 310 रूपए की वसूली की जा रही है। जबकि सुविधा के नाम पर सडक मार्ग पर गहरे गडढे व पानी निकासी के अभाव में जलभराव वाहन चालकों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है।
166 करोड के मेगा हाइवे पर अंडरपास में उलझे यात्री:-आरएसआरडीसी की ओर से 166 करोड की राशि से कस्बे के सीकरी-खेडली रोड पर पीपीपी माेड के तहत खेडली से पहाडी तक मेगा हाईवे का निर्माण कराया जा रहा है। ऐसे में सीकरी रोड स्थित रेल फाटक पर अंडरपास का निर्माण अटकने से यात्रियों को आए दिन परेशानियों का सामना करना पड रहा है।
दर्द... दुघर्टना में पति को खोया, अभी तक नहीं मिला क्लेम
-खस्ता हाल सडक से दो वर्ष पूर्व पति पदम सिंघल की बाईक दुघर्टना में मौत हो गई। ऐसे में मेरे परिवार का सब कुछ छिन गया। अभी तक क्लेम भी नही मिल पाया है। सडक खराब नही होती तो हमारा खुशहाल परिवार नही उजडता।-साधना सिंघल पत्नी पदम
आप भी जानिए... ये है जिम्मेदार विभाग
देश, प्रदेश, जिला व पंचायत स्तर पर सडक निर्माण को लेकर राष्टीय राजमार्ग प्राधिकरण, राजस्थान राज्य सडक विकास निगम, सार्वजनिक निर्माण विभाग, कृषि उपज मण्डी समिति, जिला परिषद, पंचायत समिति व ग्राम पंचायत आदि विभाग व ऐजेंसी अधिकृत है। इनके द्वारा ही सडकों का निर्माण कराया जाता है। लेकिन फिलहाल तो स्थिति यह है कि इन विभागों के अधिकारी भी इस रोड से होकर रोजाना निकलते हैं लेकिन समस्या पर ध्यान नहीं देेते।
सीधी बात-
सड़कों की खुदाई कर उन्हें दुरुस्त कराने की जेहमत भी नहीं उठाते संबंधित विभाग - आरके अरोड़ा, सहायक अभियंता, आरएसआरडीसी
सवाल. अलवर-भरतपुर सडक निर्माण को लेकर कितनी राशि स्वीकृत है।
जवाब. फिलहाल यह मेरी जानकारी में नही है।
सवाल. उक्त सडक मार्ग पर जगह जगह गडढे बने हुए है। क्या आपको पता है।
जवाब. यह मेरी जानकारी में है। फिलहाल यातायात की सुविधा काे ध्यान में रख बडे बडे गडढों को भरवाया जा रहा है।
सवाल. फिर छोटे गडढों का क्या होगा।
जवाब. सडक मार्ग की मरम्मत को लेकर टेण्डर चुका है। वर्क भी टेकअप कर लिया है।
सवाल. कार्य कब तक शुरू हो जाएगा।
जवाब. फिलहाल एनजीटी की रोक है। इसके हटते ही सडक मरम्मत कार्य शुरू करा दिया जाएगा।


