भाजपा पार्षद बोर्ड की बैठक में नहीं आए, सभापति बोले उनके काम से पक्ष-विपक्ष खुश

भाजपा पार्षद बोर्ड की बैठक में नहीं आए, सभापति बोले उनके काम से पक्ष-विपक्ष खुश

नगर परिषद अलवर में शनिवार को बोर्ड की बैठक हुई। करीब 149 करोड़ रुपए का बजट केवल 8 मिनट में पास हो गया। असल में विपक्ष के रूप में भाजपा के पार्षद बैठक में ही भाग लेने नहीं आए। इसिलए किसी ने विरोध नहीं। बजट पर चर्चा तक नहीं हुई और सबने हाथ ऊपर कर बजट पास करने की मंजूरी दी। नेता प्रतिपक्ष व भाजपा पार्षद सतीश यादव ने कहा कि सरकार ने अलोकतांत्रिक तरीके से उप सभापति बैठा रखा है। उसका विरोध है। लोकतांत्रिक तरीके से भाजपा का उप सभापति होना चाहिए। लेकिन सरकार ने मनमर्जी से भाजपा के उप सभापति काे सस्पेंड किया। जबकि कोर्ट ने स्टे दिया हुआ है। फिर भी सरकार नहीं मान रही। जो कोर्ट की अवमानना करना है।

सभापति बोले पक्ष-विपक्ष उनसे खुश
बैठक में करीब कांग्रेस व निर्दलीय 33 पार्षद मौजूद थे। बजट का प्रस्ताव रखते ही सदन के पार्षदों ने पास-पास की आवाज आना शुरू हो गई। कुछ ही मिनट में बजट पास मान लिया गया। सभापति मुकेश सारवान ने कहा कि इस बार करीब 150 करोड़ रुपए से अधिक का बजट पास हुआ है। जो पिछले साल की तुलना में करीब 40 करोड़ रुपए ज्यादा है। सब वार्डों में बराबर विकास कार्य कराए जाएंगे। कहीं अधिक काम की जरूरत है तो वहां भी विकास होगा।

बोर्ड की बैठक में सभापति ।
बोर्ड की बैठक में सभापति ।

पहली बार खाने का इंतजाम
नगर परिषद बोर्ड की बैठक खत्म होने के बाद खाने का इंतजाम भी किया हुआ था। पहली बार नगर परिषद में पार्षदों को खाना भी खिलाया गया। बजट पर बहस भी नहीं हुई। बिना बहस के पास हो गया। असल में विपक्ष के पार्षद बैठक में भाग ही लेने नहीं आए। इस कारण प्रस्ताव पास कर दिया गया। इसके बाद सबने खाना खाया और चले गए।

पूर्व नेता प्रतिपक्ष नरेंद्र मीणा रहे
पूर्व नेता प्रतिपक्ष नरेंद्र मीणा ने कहा कि अलवर शहर में सफाई का काम पहले से बेहतर होने लगा है। कई अन्य कामकाज भी अच्छे हुए हैं। हर वार्ड में एनआईटी लगी हैं। कुछ वार्डों में काम अधिक व कुछ में ज्यादा होते रहे हैं। जरूरत के अनुसाार ही विकास के काम होते रहे हैं।

इधर, भाजपा के पार्षदों ने पार्टी कार्यालय पर बैठक की।
इधर, भाजपा के पार्षदों ने पार्टी कार्यालय पर बैठक की।

भाजपा के पार्षद पार्टी कार्यालय पर

भाजपा के पार्षद पार्टी कार्यालय पर मौजूद थे। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि भाजपा का एक भी पार्षद बोर्ड की बैठक में नहीं गया। सरकार ने अलोकतांत्रिक तरीके से भाजपा के उप सभापति को हटाया है। जिसके विरोध के कारण कोई भी मीटिंग में नहीं गया।