मयखानों के लिए बेहिसाब बोली:शराब दुकानों की बेहिसाब बोली लगाकर पैसा नहीं जमा करवाने वाले 537 बिडर होंगे ब्लैक लिस्ट; 5822 दुकानों की बोली लगी, 1843 की बिड बाकी
जयपुर. शराब की दुकानों के आवंटन की ऑनलाइन बिड के पांच में से तीन फेज पूरे हो चुके हैं। तीन फेज में अब तक कुल 7665 में से 5822 दुकानों की बोली लग चुकी है। अब तक 3037 दुकानों के लिए एक फीसदी राशि जमा हुई है, बाकी की दुकानों के लिए अभी वक्त है। नीलामी के तीन दिन की अवधि में कुल बिड का एक फीसदी पैसा जमा नहीं करवाने पर 537 बिडर ब्लैक लिस्टेड होंगे।
इस बार सरकार ने लॉटरी की जगह ऑनलाइन नीलामी के जरिए शराब की दुकानों का आवंटन करने का फैसला किया। कई शराब कारोबारी इस नई व्यवस्था का विरोध कर रहे हैं। कई जगहों पर विरोध स्वरूप तो कई जगह प्रतिस्पर्धा में छोटे से गांव कस्बे की दुकानों की बोली ही करोड़ों में पहुंचा दी गई। हालांकि जानकारों का यह भी कहना है कि कई लोग पूल बनाकर दुकान आवंटित नहीं होने दे रहे, इसलिए अप्रत्याशित बोली लगवा रहे हैं।
सीकर जिले के पलसाना की इस दुकान की बोली 151 करोड़ पहुंच गई, बोली लगाने वाले रणजीत सवेदा ने अब कहा, पैसा नहीं है
सीकर जिले के पलसाना की इस दुकान की बोली 151 करोड़ पहुंच गई, बोली लगाने वाले रणजीत सवेदा ने अब कहा, पैसा नहीं है
सीकर के पलसाना में शराब की दुकान की 151 करोड़ की बोली लगाकर पलटा बिडर, कहा, मेरे पास नहीं है इतने पैसे
सीकर जिले के पलसाना में शराब की दुकान के लिए 151 करोड़ की बोली लगाई गई। 151 करोड़ की बोली लगाने वाला रणजीत सेवदा ने अब पैसा जमा करवाने से हाथ खड़े कर दिए हैं। आबकारी विभाग ने उसकी जमानत राशि जब्त कर ली है, वह अब तीन साल के लिए ब्लैक लिस्ट होगा। 151 करोड़ की बोली लगाने वाले रणजीति सेवदा ने कहा, 16 साल से फॉर्म भर रहा था लेकिन शराब की दुकान आवंटित नहीं हुई। पलसाना में खुद शराब की दुकान चलाने की जिद थी इसलिए ज्यादा बोली लगाई, लेकिन बोली इतनी आगे बढ़ जाएगी इसका अनुमान नहीं था। मेरे पास 151 करोड़ रुपए नहीं है।
हनुमानगढ़ के खुइया में देवरानी जेठानी की प्रतिस्पर्धा में 510 करोड़ की बोली
हनुमानगढ जिले के छोटे से गांव खुइया की शराब दुकान के लिए देवरानी-जेठानी की प्रतिस्पर्धा में बोली 510 करोड़ रुपए तक जा पहुंची। सबसे ज्यादा 510 करोड़ की बिड किरण कंवर ने लगाई लेकिन तीन दिन के भीतर वह एक फीसदी पैसा जमा नहीं करवा सकी। आबकारी विभाग ने उसकी सिक्योरिटी मनी जब्त करके उसे तीन साल के लिए ब्लैक लिस्ट कर दिया है।
7665 में से 5822 दुकानों के लिए अब तक बिड पूरी
प्रदेश भर में इस बार कुल 7665 शराब की दुकानों के लिए आवेदन मांगे गए। इनकें से तीन फेज में अब तक 5822 दुकानों की ऑनलाइन बोली लगाई गई। सभी दुकानों पर रिजर्व प्राइस से ज्यादा की बोली लगाई गई है। तीसरे और चौथे फेज में अभी 1843 दुकानों की बोली लगना अभी बाकी है। चौथे फेज की बिड 17 और पांचवें फेज की बिड 19 मार्च को होगी।
तीन फेज में 7077.56 करोड रूपए की रिज़र्व प्राइस पर 9412.12 करोड़ की बोली
आबकारी विभाग से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार अब तक तीन फेज में हुई बिड में 7077.56 करोड रूपए की रिज़र्व प्राइस पर 9412.12 करोड़ की बोली आई है। इसमें 100 करोड़ से ऊपर एक दुकान के लिए बोली लगाने वाले शामिल नहीं हैं। 1843 दुकानों की बोली लगनी बाक़ी है, जिनकी रिज़र्व प्राइस 2432 करोड़ है,यह बोली 17 और 19 मार्च को लगेगी। पिछले साल आबकारी विभाग का शराब से 12500 करोड़ रुपए लक्ष्य था। अगले वित्त वर्ष में 13000 करोड़ का लक्ष्य रखा गया है।
फैक्ट फाइल : स्रोत : आबकारी विभाग
कुल 7665 दुकानों की बोली के लिए आवेदन मांगे
5822 पर बोली लगाई गई,सभी पर रिज़र्व प्राइस से ज़्यादा बोली लगाई गई
7077.56 करोड रूपए की रिज़र्व प्राइस पर 9412.12 करोड़ की बोली आई है, इसमें 100 करोड़ से ऊपर एक दुकान के लिए बोली लगाने वाले शामिल नहीं
1843 दुकानों की बोली लगनी बाक़ी है, जिनकी रिज़र्व प्राइस 2432 करोड़ है,यह बोली 17 और 19 मार्च को लगेगी


