पुलिस को घेरकर बदमाश को छुड़ाने का प्रयास:रिश्तेदारों ने रास्ते में की धक्का-मुक्की, मौका पाकर आरोपी भागा पर दबोचा गया
भिवाड़ी में गत दिनों हुई कई चैन स्नैचिंग के मामलों में नूह जेल में बंद आरोपी नफीस पुत्र जाहिद को भिवाड़ी थाने की पुलिस गुरुवार को भिवाड़ी न्यायालय के प्रोडक्शन वारंट पर भिवाड़ी लाने के लिए नूह जेल गई थी, गुरुवार को दोपहर भिवाड़ी फूलबाग थाने के एएसआई सूबे सिंह, कांस्टेबल नरेश ,धर्मवीर और जगविंद्र मामले में संलिप्त आरोपी को लाने के लिए एक प्राइवेट गाड़ी से नूह जेल पहुंचे और वहां से कानूनी प्रक्रिया पूरी कर शाम करीब 7.30 बजे नूह जेल से रवाना हो गए। जैसे ही पुलिसकर्मी आरोपी को लेकर जेल से निकले तभी एक मोटरसाइकिल पर सवार दो व्यक्ति पुलिसकर्मियों की गाड़ी का पीछा करने लगे और जेल से करीब 2 किलोमीटर चलने के बाद उन्होंने पुलिस की गाड़ी को रुकवा लिया और कहने लगे कि मैं आरोपी का पिता जाहिद हूं व ये इसका मामा सिराजू है, हम इसकी जमानत के कागज लेकर आए हैं और तुम इसे कहां लेकर जा रहे हो इस पर भिवाड़ी पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर भिवाड़ी ले जाने की बात कही तो बाइक सवार दोनों ही बाइक को तेज गति से दौड़ाते हुए उनसे आगे निकल गए।
बाइक से तेज गति से दौड़ाकर आगे ले जाने की हरकत से एएसआई सूबे सिंह को कुछ अनहोनी की आशंका हुई। जिस पर एएसआई सूबे सिंह ने तुरंत ही भिवाड़ी थाना अधिकारी को फोन पर सूचना देकर अतिरिक्त जाप्ता तुरंत भेजने की बात कही और वहां से आरोपी को लेकर चल दिए। रास्ते में तावडू टोल टैक्स के पास चिल्ला गांव में दोनों ही बाइक सवार आगे मिले और उनके साथ उनके रिश्तेदार सहित गांव के करीब 25 से 30 लोग भिवाड़ी पुलिस की गाड़ी के आगे हाथों में लाठी व डंडे लेकर आकर खड़े हो गए और गाड़ी को रुकवा लिया, उन्होंने भिवाड़ी पुलिस की गाड़ी को चारों तरफ से घेर कर पुलिस की गाड़ी के आगे व पीछे बाइक लगा दी ताकि पुलिस वाले गाड़ी को भगाकर ना ले जा सके और उनके साथ लड़ाई झगड़ा करने लगे वहां पर सभी लोगों के हाथ में लाठी और डंडे थे।
भिवाड़ी पुलिस के जवान घबरा गए और बदमाशों के रिश्तेदारों ने पुलिस के साथ हाथापाई करते हुए आरोपी को छुड़ा लिया। आरोपी को छुड़ाने आए लोग पुलिस के साथ मार पिटाई करने की पूरी मनसा बना कर आए थे जैसे ही उन्होंने पुलिस के साथ धक्का-मुक्की शुरू की इतने में ही भिवाड़ी फूल बाग थाना अधिकारी संजय शर्मा भी मय पुलिस जाप्ते के मौके पर पहुंच गए इतने में ही पुलिस के साथ झगड़ा कर रहे लोगों ने जैसे ही पुलिस की गाड़ी को आते हुए देखा तो सभी लोग आसपास के खेतों में फरार हो गए। उनके साथ ही नूह जेल से लाया गया आरोपी नफीस भी भाग गया, लेकिन इतने में ही भिवाड़ी पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी का पीछा किया और करीब 200 मीटर तक आरोपी नफीस का पीछा कर उसे दबोच लिया। भिवाड़ी पुलिस वहां पर बिना समय गवाएं ही वहां से रवाना हो गई और आरोपी को भिवाड़ी थाना लेकर आ गई।
इस पूरे घटनाक्रम में एएसआई सूबे सिंह की समझदारी व सूझबूझ ने भिवाड़ी पुलिस को एक बड़े संकट से बचा लिया, क्योंकि एएसआई सूबे सिंह अगर बाइक सवार लोगों की हरकत पर शक नहीं करता और पहले ही थाना अधिकारी को पूरे मामले से अवगत नहीं करा तो शायद ना तो भिवाड़ी पुलिस मौके पर पहुंच पाती और ना ही आरोपी को उसके रिश्तेदारों के चंगुल से छुड़ा पाती और भिवाड़ी पुलिस के साथ कोई भी अप्रिय घटना हो सकती थी , जिससे भिवाड़ी पुलिस की वर्दी पर तो दाग लगता ही साथ ही एक मुजरिम भी पुलिस के हाथ से निकल जाता। भिवाड़ी पुलिस ने शुक्रवार को पूरे दिन इस मामले को दबाए रखा, थानाधिकारी सहित थाने का कोई भी पुलिसकर्मी कुछ भी बताने के लिए तैयार नहीं था लेकिन शुक्रवार देर शाम जब मीडिया के हाथ तावडू सदर थाने में पुलिस के द्वारा कराई गई FIR हाथ लगी तब पूरा मामला निकल कर बाहर आया।
शुक्रवार को फूल बाग थाना के एएसआई सूबे सिंह के द्वारा तावडू सदर थाने में इस मामले को लेकर करीब 10 लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। जिसमें आरोपी नफीस उसका पिता जाहिद, आरोपी नफीस का मामा सीराजू, सालाहेडी गांव का रहने वाला उसका नाना इस्लाम , पल्ला गांव का रहने वाला फारुख , मलाई गांव का रहने वाला उसका रिश्तेदार राजू व राजू के लड़के साहरुख ,इरफान, इमरान व मामा हरीश पुत्र इस्लाम , इमरान पुत्र इस्लाम , राजू पुत्र इस्लाम , चैनी उर्फ इरफान पुत्र इस्लाम के साथ साथ अन्य 20 से 30 लोग शामिल है। फिलहाल भिवाड़ी पुलिस जेल से प्रोडक्शन वारंट पर लाए गए आरोपी नफीस से कड़ी पूछताछ कर रही है।
Naresh Chouhan 

