अलवर मेडिकल कॉलेज की भर्ती में घूस: नियुक्ति करने वाली कंपनी के मालिक व ड्राइवर को ACB ने किशनगढ़ से पकड़ा; 15 लाख नकद बरामद, रिश्वत लेकर कर रहे थे नियुक्तियां

अलवर मेडिकल कॉलेज की भर्ती में घूस: नियुक्ति करने वाली कंपनी के मालिक व ड्राइवर को ACB ने किशनगढ़ से पकड़ा; 15 लाख नकद बरामद, रिश्वत लेकर कर रहे थे नियुक्तियां

अलवर के MIA स्थित ESIC मेडिकल कॉलेज में भर्ती के नाम रिश्वत लेने के आरोप में अजमेर ACB ने कंपनी मालिक व चालक को अजमेर के किशनगढ़ से पकड़ लिया। दाेनों कार से जोधपुर जा रहे थे। अलवर से वसूली कर लाई गई 15 लाख रुपए की राशि भी बरामद की गई है। पकडे़ गए दोनों आरोपियों को अजमेर ACB अलवर ले गई। जहां दोनों से भी पूछताछ की जाएगी। गौरतलब है कि इस मामले में अलवर से भरत पूनिया व कान्हाराम को गिरफ्तार किया और 4 लाख 50 हजार रुपए बरामद किए, वहीं जोधपुर मेडिकल कॉलेज में कार्यरत अलवर निवासी महिपाल यादव से 70 हजार रुपए जब्त किए हैं।

अजमेर ACB के ASP सतनाम सिंह ने बताया कि जयपुर से मिली सूचना के आधार पर अजमेर ACB ने कार्रवाई की। अलवर से जोधपुर जा रहे गांधी नगर,गुजरात निवासी कंपनी मालिक मंजल पटेल व चालक नरेन्द्रसिंह को किशनगढ़ के पास से गिरफ्तार किया। उनकी कार को जब्त कर लिया और उनके पास से 15 लाख रुपए भी बरामद किए। दोनों को गिरफ्तार कर अलवर भेज दिया,जहां उनको एसीबी टीम के सुपुर्द कर दिया गया। कार्रवाई में पुलिस उपअधीक्षक अनूपसिंह व निरीक्षक राकेश वर्मा शामिल थे।

अजमेर में बरामद की गई रकम
अजमेर में बरामद की गई रकम

यह था मामला : गुजरात की कंपनी को दिया था संविदा पर भर्ती का जिम्मा

ईएसआई हास्पिटल अलवर में मेडिकल काॅलेज खुलने पर एमजे साेलंकी कंपनी काे सरकार ने संविदा पर भर्ती संबंधी जिम्मेदारी दी थी। इसके लिए बाेर्ड का गठन किया गया था। एसीबी काे लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि भर्ती के लिए एक से डेढ़ लाख रु. मांगे जा रहे हैं। तब एसीबी के एएसपी बजरंग सिंह के नेतृत्व में टीम तीन दिन पहले अलवर पहुंची और माॅनिटरिंग करने लगी। सरकार की ओर से तय किया गया था कि भर्ती में कार्मिकाें की सैलरी का 2% कंपनी काे मिलेगा, लेकिन कंपनी सीधे रुपए लेकर ही बाेर्ड के माध्यम से भर्ती करने लगी।

3 दिन से अलवर में डेरा डाले थी टीम

एसीबी के जयपुर के अधिकारियाें ने एक टीम अलवर भेजी। इस टीम ने 3 दिन से अलवर में रुककर पूरे मामले की पड़ताल की और भर्ती की प्रक्रिया में लगे कंपनी के कर्मचारियाें की गतिविधियाें पर नजर रखी। कंपनी के कर्मचारी एमआईए के एक हाेटल में रुककर भर्ती प्रक्रिया पूरी कर रहे थे।

गुरुवार काे इस कंपनी का एक मालिक मंजल पटेल अलवर आया। शाम काे चला गया। इस बीच, एसीबी ने एमआईए में मत्स्य अरावली हाेटल में इस कंपनी के सुपरवाइजर भरत पूनिया काे पकड़ लिया। वह जाेधपुर का रहने वाला है। उसके पास से साढ़े चार लाख रुपए बरामद हुए हैं। भरत पूनिया की सूचना पर एसीबी की दूसरी टीम ने अलवर से गए मंजल व उसके चालक काे अजमेर में 15 लाख रु. के साथ दबोच लिया।