बजट-2022-23 इनकम टैक्स स्लैब और ईस्टर्न राजस्थान कैनाल प्रोजेक्ट का जिक्र नहीं होने से भरतपुर को हुई निराशा

बजट-2022-23 इनकम टैक्स स्लैब और ईस्टर्न राजस्थान कैनाल प्रोजेक्ट का जिक्र नहीं होने से भरतपुर को हुई निराशा
भरतपुर में हो सकता वंदे भारत ट्रेनों का ठहराव, ई पासपोर्ट से करीब 5000 लोगों को मिलेगी राहत

केंद्रीय आम बजट में टैक्स फ्री इनकम और धारा 80 सी के तहत छूट के स्लैब बदलने तथा ईस्टर्न राजस्थान कैनाल प्रोजेक्ट (ईसीआरपी) का जिक्र नहीं होने से भरतपुर को निराशा हुई है। क्योंकि ईसीआरपी पूर्वी राजस्थान के लिए लाइफ लाइन साबित होने वाली है। हालांकि बजट में अगले 3 साल में 400 नई वंदे भारत ट्रेन चलाने का वायदा किया गया है। इनमें से कुछ ट्रेनों का ठहराव भरतपुर में होने की उम्मीद जगी है।

लेकिन, इनके रूट और स्टेशनों की पूरी जानकारी अभी रेलवे को भी नहीं हैं। आगरा से बांदीकुई रेलवे ट्रैक के दोहरीकरण और भरतपुर से वाया कुम्हेर, डीग, कामां-कोसीकलां नई रेल लाइन को लेकर काफी उम्मीदें थीं। लेकिन, बजट में इनका भी जिक्र नहीं है। उम्मीद की जा रही है कि रेलवे दिल्ली से मुंबई और गुजरात के लिए ट्रेन चलाएगा। उनमें कुछ का ठहराव भरतपुर में हो सकता है। लॉजिस्टिक सेवाएं शुरू करने में भरतपुर को महत्व मिला तो छोटे व्यापारियों और और उद्यमियों को ट्रेन से सामान भेजने में सुविधा मिल सकती है।

वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक एके पाल ने बताया कि अभी बजट में घोषणा हुई है। यदि वंदे भारत ट्रेन का संचालन भरतपुर होकर होगा तो इसका ठहराव कराने के प्रयास किए जाएंगे। भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष सतेंद्र गोयल ने कहा कि बजट में केंद्र सरकार ने इंफ्रास्ट्रेक्चर और डिफेंस के लिए काफी पैसा रखा है। इससे उत्पादन के साथ ही रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।

रेलवे की लॉजिस्टिक सेवाएं शुरू होने से छोटे उद्यमियों को मिल सकता है लाभ

ई-पासपोर्ट : हर माह आते हैं 400 आवेदन
बजट में ई-पासपोर्ट की घोषणा से भरतपुर में सालाना करीब 5000 लोगों को लाभ मिलेगा। इससे पासपोर्ट में फर्जीवाड़े पर भी अंकुश लगेगा। डाकघर में पासपोर्ट केंद्र प्रभारी जगवीर जांगिड़ बताते हैं कि जिले में हर माह में करीब 400 आवेदन आते हैं। ई-पासपोर्ट सामान्य जैसे ही होते हैं। लेकिन, इनमें एक इंटीग्रेटेड सर्किट (छोटी चिप) लगी होती है। इसमें पासपोर्ट धारक के बॉयोमीट्रिक्स भी होते हैं। यह चिप पासपोर्ट की वैधता साबित करने में मददगार है। इसमें दर्ज सूचनाओं को बदला नहीं जा सकता है। साथ ही पासपोर्ट गुम होने, जलने, फटने की परेशानी से भी मुक्ति मिलेगी।

बैटरी स्वेपिंग पॉलिसी: वाहन चालकों को चार्ज करने के झंझट से मिलेगी मुक्ति, समय भी बचेगा
डीजल और पेट्रोल के दामों में लगातार बढ़ोतरी से लोग परेशान है। बजट में बैटरी स्वेपिंग की घोषणा की गई है। इससे इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) में बैटरी चार्जिंग की समस्या खत्म हो जाएगी। कोई भी ईवी वाहन स्वामी डिस्चार्ज बैटरी के बदले फुल चार्ज बैटरी ले सकता है। इसका लाभ इलेक्ट्रिक ऑटो, इलेक्ट्रिक रिक्शा, इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर और कार जैसे व्हीकल्स को होगा। फैक्ट्री फिटेड इलेक्ट्रिक व्हीकल भी बैटरी स्वेपिंग सुविधा का लाभ ले सकेंगे। प्रादेशिक परिवहन अधिकारी सतीश कुमार ने बताया कि इस सुविधा के शुरू होने से वाहन स्वामियों के समय और धन की बचत होगी। भरतपुर जिले में बैटरी संचालित 275 ई-रिक्शा, 32 व्यवसायिक वाहन और दो कार रजिस्टर्ड हैं।

बजट पर इनका कहना है...

दक्षिणी राज्यों की 5 नदियों का जिक्र, ईसीआरपी का वादा भूला केंद्र : गर्ग

  • आम बजट से हर वर्ग को निराशा हुई है। दक्षिणी राज्यों की 5 नदियों को जोड़ने का प्रावधान किया है। लेकिन, पीएम मोदी के वायदे के बावजूद ईस्टर्न राजस्थान कैनाल प्रोजेक्ट का जिक्र तक नहीं करना निराशाजनक है। बजट में युवाओं को रोजगार देने का कोई रोडमैप नहीं दिखा। किसानों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर कोई बात नहीं की है। - सुभाष गर्ग, तकनीकी शिक्षा राज्यमंत्री

इस बजट से भरतपुर के छोटे उद्यमियों को फायदा मिलेगा : अनुराग गर्ग

  • बजट में एमएसएमई के लिए दो लाख करोड़ रुपए का प्रावधान किया है। इससे भरतपुर के छोटे उद्यमियों को फायदा मिलेगा। क्षेत्र में रोजगार के अवसरों में भी बढ़ोत्तरी होगी। हॉस्पिटैलिटी क्षेत्र को कोरोना की मार से उबारने के लिए जो प्रावधान किए हैं। उनसे पर्यटन की स्थिति सुधर सकती है। - अनुराग गर्ग, अध्यक्ष, फोर्टी भरतपुर संभाग

स्टार्ट अप का कोई फायदा नहीं, टैक्स स्लैब बदलना चाहिए था : अतुल मित्तल

  • बजट में आम लोगों को राहत देने के लिए कुछ नहीं है। करीब 8 साल पहले के टैक्स स्लैब में बदलाव होना चाहिए था। स्टार्टअप योजना एक साल के लिए बढ़ाई है। लेकिन, भरतपुर में एक-दो स्टार्टअप ही हैं। कोई खास फर्क नहीं पड़ेगा। -अतुल मित्तल, सीए