अजमेर में ACB की सर्चिंग:राजस्व मंडल सदस्यों के करीबी वकील शशिकांत जोशी के घर से मिले 51 लाख कैश; जेवरात, कंप्यूटर, फाइलें, नोट गिनने की मशीन भी जब्त
जयपुर ACB के चुंगल में फंसे राजस्व मंडल सदस्य सीनियर RAS अफसर सुनील शर्मा औैर BL मेहरडा के करीबी वकील अजमेर के शास्त्रीनगर निवासी शशिकांत जाेशी के विला से 51 लाख की नकदी, जेवरात औैर दस्तावेज बरामद हुए हैं। अजमेर ACB टीम ने पंचशील स्थित शर्मा का बंगला औैर मेहरडा का गाेखले लेन स्थित सरकारी आवास सीज कर दिया है। घूसखाेर अफसराें के रेवेन्यू बाेर्ड के दफ्तर भी सीज किए गए हैं। शर्मा ने यह बंगला किराए पर ले रखा है।
जोशी के घर पर मिली नोट गिनने की मशीन।
जोशी के घर पर मिली नोट गिनने की मशीन।
51 लाख रुपए की नकदी औैर जेवरात बरामद
ACB से प्राप्त जानकारी के मुताबिक रेवेन्यू बाेर्ड मेंबर सुनील शर्मा औैर BL मेहरड़ा के आवासाें औैर दफ्तराें काे सीज किया गया है। शर्मा औैर मेहरड़ा की माैजूदगी में आवास औैर दफ्तराें में सर्चिंग की कार्रवाई का जाएगी। इनके वकील शशिकांत जाेशी के शास्त्रीनगर पावर हाउस के पास स्थित आवास पर ACB टीम ने सर्च किया है। माैके से करीब 51 लाख रुपए की नकदी औैर साेने-चांदी के जेवरात बरामद हुए हैं।
पूर्व में भी सुर्खियाें में रहा है राजस्व मंडल
राजस्व मंडल, राजस्व मामलाें की सबसे बड़ी अदालत है। इसमें प्रदेश की सभी राजस्व अदालताें के फैसलाें के खिलाफ अपील औैर याचिका पेश हाेती है। राजस्व मंडल फैसलाें की दृष्टि से पहले भी देशभर में सुर्खियाें में रहा है। पूर्व अध्यक्ष IAS उमराव सालाेदिया के खिलाफ बैक डेट में फैसला करने का आराेप लगा था। इस मामले में मुकदमा दर्ज हुआ था। वर्तमान में सालाेदिया के खिलाफ फाइलाें में हेरफेर का मामला चल रहा है। इसी तरह 15 साल पहले भी राजस्व मंडल के एक IAS सदस्य जयपुर में रिश्वत लेकर फैसला करने के एक मामले में धरे गए थे।
फैसलाें की निष्पक्षता काे लेकर उठते रहे सवाल
राजस्व मंडल में फैसलाें की निष्पक्षता काे लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं। राजस्व मंडल में काश्तकाराें की जमीन के फैसले हाेते हैं, यहां फैसले करने वाले कानून के जानकार नहीं हाेकर प्रशासनिक अफसर हैं। मंडल में कुल 20 सदस्याें में 13 राजस्थान प्रशासनिक सेवा के अधिकारी हैं औैर 6 भारतीय प्रशासनिक सेवा के अफसर हैं। इन सदस्याें में भी काेई भी कानून का जानकार नहीं है। मंडल में दाे वकील काेटे से औैर दाे न्यायिक काेटे से हैं, वे ही कानून के जानकार हैं।
याचिका में हाईकाेर्ट के वरिष्ठ वकील ने कहा - भ्रष्टाचार चरम पर है
हाल ही में इसी मुद्दे काे लेकर राजस्थान हाईकाेर्ट के वरिष्ठ वकील पूनमचंद भंडारी ने हाईकाेर्ट में याचिका दायर की थी। याचिका में साफ कहा गया था कि राजस्व मंडल में भ्रष्टाचार चरम पर है औैर ऐसे सदस्य फैसले कर रहे हैं जिन्हें कानून की जानकारी नहीं है। यह याचिका हाईकाेर्ट में लंबित है।
बंगले पर लिखा श्रव-सुख विला
वकील शशिकांत जाेशी के बंगले के बाहर लिखा श्रव-सुख विला। बंगले की कीमत भी कराेड़ाें बताई जा रही है। ACB के मुताबिक जाेशी के अन्य ठिकानाें के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। उसके बैंक अकाउंट औैर लाॅकर्स के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
यह है मामला
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की टीम ने शनिवार को देर शाम राजस्थान प्रशासनिक सेवा (RAS) के दो अफसरों के जयपुर स्थित घरों पर छापा मारा। कार्रवाई में ACB ने 80 लाख रुपए कैश मिला। वहीं, ACB ने अधिकारियों के अलावा दलाल को भी पकड़ा है।
ACB महानिदेशक बीएल सोनी ने बताया कि रेवेन्यू बोर्ड के मेंबर बीएल मेहरड़ा और सुनील शर्मा के आवासों पर ये सर्च अभियान चलाया है। मेहरड़ा और शर्मा के जयपुर स्थित वैशाली नगर, बापू नगर स्थित आवास पर सर्च में करीब 80 लाख रुपए कैश मिला है। मामले में एक दलाल शशिकांत और दोनों अधिकारियों को भी हिरासत में लिया है।
मामले में कुछ और अधिकारियों के भी शामिल होने की आशंका है। ACB अधीक्षक अजमेर समीर सिंह ने बताया, संभवत: दोनों अधिकारी अजमेर स्थित रेवेन्यू बोर्ड में रेवेन्यू से जुड़े मामलों में फैसले देने या बदलने की एवज में घूस लेते हैं। ACB की इंटेलिजेंस विंग को लंबे समय से शिकायत मिल रही थी। इसके बाद दोनों पर नजर थी। बता दें कि सुनील शर्मा 1994 बैच के, जबकि मेहरड़ा 1996 बैच के अधिकारी हैं।


