वरिष्ठ नागरिक गृह शुरू, निराश्रित 50 लाेगाें काे भाेजन-पानी के साथ मिलेगा मुफ्त आसरा

वरिष्ठ नागरिक गृह शुरू, निराश्रित 50 लाेगाें काे भाेजन-पानी के साथ मिलेगा मुफ्त आसरा

अलवर: गुरुनानक देवजी के 550वें जन्म दिवस के उपलक्ष्य में भाई मनीसिंह सेवा संस्थान की ओर से कटीघाटी जयपुर राेड पर राधिका कुंज के पास बनाए गए वरिष्ठ नागरिक गृह का उद्धाटन रविवार काे हुआ। इस अवसर पर सुबह सुखमनी साहिब के पाठ हुए।संस्थान के अध्यक्ष भाई तारीफ सिंह ने बताया कि वरिष्ठ नागरिक गृह में 50 लाेगाें के रहने की व्यवस्था है। पहले ही दिन यहां रहने के लिए 28 वरिष्ठ नागरिक अा गए।

ये सभी अलवर जिले के निवासी हैं। काेराेना महामारी के चलते साेशल डिस्टेंस बना रहे, इसके लिए अभी 30 लाेगाें के रहने की व्यवस्था की गई है। साठ साल से ज्यादा उम्र का काेई भी धर्म या जाति का महिला या पुरुष जिसके परिवार की आर्थिक स्थिति खराब हाे या संतान नहीं है, वह यहां जब तक चाहे निशुल्क ठहर सकता है। यहां रुकने वाले व्यक्ति का मेडिकल और पुलिस सत्यापन कराया जाएगा। सरकार कीओर से भेजे जाने वाले लावारिस व्यक्तियाें के ठहरने की भी व्यवस्था रहेगी।

महिला व पुरुषाें के रहने की अलग-अलग व्यवस्था है। इस गृह में कुल 13 कमरे बनाए गए हैं। कमराें में 3-3 व हाॅल में 6-6 लाेगाें के रहने की व्यवस्था है। सभी कमराें में लेटबाॅथ अटैच हैं। लाॅबी में 30 लाेगाें के बैठने की व्यवस्था है। लाॅबी में ही टीवी की व्यवस्था की जाएगी। एक काॅमन प्रार्थना स्थल है। अागंतुकाें के लिए अलग से कमरे अाैर शाैचालयाें की व्यवस्था है। घूमने के लिए दाे गार्डन हैं। इस गृह में अांवला, अमरूद, अंगूर, बिल्वपत्र सहित अन्य पेड़ लगे हुए हैं।

गृह में रहने वाले लाेगाें के लिए गाड़ी की भी व्यवस्था : उन्हाेंने बताया कि वरिष्ठ नागरिक गृह की अधीक्षक रजनी काैर है। यहां रहने वाले लाेगाें के स्वास्थ्य जांच के लिए एक डाॅक्टर, एक नर्स, खाना बनाने के लिए दाे कुक, एक सफाई कर्मी, एक धाेबी व एक वार्डन लगाया गया है। यहां रहने वालाें काे बाजार, अस्पताल या किसी अन्य जगह जाने के लिए गाड़ी की व्यवस्था है।

काेई व्यक्ति किसी उत्सव, त्याेहार, जन्मदिन, शादी की वर्षगांठ या किसी अन्य अवसर पर यहां रहने वालाें काे खाना खिलाना चाहे ताे सूखी राशन सामग्री या राशि दे सकता है। उन्हाेंने बताया कि अभी संगत के सहयाेग से खर्चा उठाया रहा है। केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग इसके प्रायाेजक हैं। भाेजन व नाश्ते की व्यवस्था प्रतिदिन सुबह 6.30 बजे चाय, 9 बजे नाश्ता, सुबह 11 से दाेपहर 12 बजे तक भाेजन, दाेपहर 3 बजे चाय व शाम 5 से 6 बजे तक खाने का समय रहेगा।

ट्रांसपाेर्ट नगर निवासी 69 वर्षीय नवल किशाेर शर्मा ने बताया कि पहले वह सेल्समैन था। शरीर ने साथ देना छाेड़ दिया ताे रेलवे स्टेशन राेड पर भतीजे की दुकान पर काम करता और रात काे वहीं साेता। एक बेटा है, वह अलवर में एक फैक्ट्री में काम करता है। उसकी शादी नहीं हुई। वह घर में अपने साथ नहीं रखता है। इसलिए अपनी इच्छा से यहां रहने आया हूं। केस दो : बहू और बेटाें ने आपस में बांट लिए तीन कमरे और हमें बाहर निकाल दिया

ढाईपैड़ी निवासी 70 वर्षीय खिल्लूराम अाैर उसकी 65 वर्षीय पत्नी भगवती का कहना है कि उनके 6 संतान थी। इनमें दाे बेटे अाैर चार बेटी। एक बेटी की मृत्यु हाे गई। दाेनाें बेटे राजू व विनाेद अाैर तीनाें बेटियाें की शादी हाे गई। दाेनाें बेटाें के बच्चे भी हैं। दाेनाें बेटाें ने मकान के 3-3 कमरे आपस में बांट लिए। राेजाना झगड़ा हाेता। वे कहते हैं-हमकाे खाना नहीं है, तुमकाे कहां से दें? हाथ पकड़कर घर से बाहर निकाल दिया। अब यहां रहने अाए हैं। केस तीन :गाेद ली बच्ची की शादी कर दी, अब देखभाल करने वाला काेई नहीं

साठ फुट राेड पर रामनगर काॅलाेनी निवासी 73 वर्षीय महेंद्र सिंह का कहना है कि काेई संतान नहीं हाेने के कारण एक लड़का व एक लड़की गाेद ली। 15-20 साल पहले 7 साल की उम्र में सड़क दुर्घटना में लड़के की मृत्यु हाे गई। लड़की की बड़ी हाेने पर शादी कर दी। हमारी देखभाल के लिए काेई नहीं है काेराेना में लाेग खाना देने आते थे। अब यहां रहने आया हूं।