फैक्ट्री में जेडएलडी लगाने पर मिलेगी 2 करोड़ तक की सब्सिडी

फैक्ट्री में जेडएलडी लगाने पर मिलेगी 2 करोड़ तक की सब्सिडी

शहर के टैक्सटाइल इंडस्ट्रीज काे राज्य सरकार ने बड़ी साैगात दी है। अब उनकाे अपनी फैक्ट्री में खुद का जेडएलडी तकनीक युक्त ट्रीटमेंट प्लांट यानी ईटीपी (इफ्युलेंट ट्रीटमेंट प्लांट) लगाने वाले उद्यमियों को अधिकतम 2 कराेड़ रुपए का सरकारी अनुदान मिलेगा। पहले सरकार से मात्र 50 लाख रुपए तक का ही अनुदान दिया जा रहा था।

मुख्यमंत्री के आदेश पर वित्त विभाग ने सब्सिडी का दायरा बढ़ाने के लिए दाे महीने पहले ही ड्राफ्ट तैयार कर लिया था, मगर काेराेनाकाळ के कारण यह अटका हुआ था। अब सरकार ने औद्याेगिक गतिविधियाें काे बढ़ावा देने तथा सरकार के महत्वाकांक्षी प्राेजेक्ट टेक्सटाइल क्षेत्रों को रिप्स-2019 के तहत इसे मंजूरी प्रदान कर दी है।

इसकाे लेकर नोटिफिकेशन भी जारी कर दिया गया है। खास बात यह है कि इसमें साथ ही ट्रीटमेंट प्लांट निर्माण में खर्च होने वाली राशि को भी प्रोजेक्ट में शामिल किया जाएगा। जानकारी के अनुसार अपनी फैक्ट्री में जेडएलडी तकनीक का खुद का ईटीपी लगाने पर पहले 50 प्रतिशत तक सब्सिडी देने का प्रावधान था।

तत्कालीन भाजपा सरकार ने इसमें कटौती करते हुए अधिकतम सब्सिडी का दायरा 50 लाख रुपए तक ही कर दिया था। इसको लेकर उद्यमी संगठनों के प्रतिनिधि काफी समय से सरकार के समक्ष अपनी मांग को रख रहे थे। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के जोधपुर आगमन पर सीईटीपी समेत अन्य औद्योगिक संगठनों ने पुरजोर तरीके से यह मांग रखी थी। इससे पहले अतिरिक्त मुख्य सचिव (उद्योग) डॉ. सुबोध अग्रवाल के समक्ष भी इस मुद्दे को उठाया था।