डॉक्टर एक दिन हड़ताल पर: डॉक्टर शुक्रवार को बंद रखेंगे निजी अस्पतालों की ओपीडी केवल इमरजेनसी सेवाएं चालू रहेगी

डॉक्टर एक दिन हड़ताल पर: डॉक्टर शुक्रवार को बंद रखेंगे निजी अस्पतालों की ओपीडी केवल इमरजेनसी सेवाएं चालू रहेगी

अलवर में शुक्रवार, 11 दिसम्बर को एक दिन के लिए निजी अस्पतालों में ओपीडी बन्द रखेंगे। केवल कोविड मरीज व इमरजेंसी सेवाओं के तहत ही इलाज मिलेगा। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. एमएन थरेजा ने बताया कि शुक्रवार को निजी अस्पतालों में ओपीडी सुबह 6 से शाम 6 बजे तक बंद रहेगी। इस विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के लिए सरकारी अस्पतालों के डॉक्टरों से भी बात की जा रही है।

आईएमए के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. एमएन थरेजा ने बताया कि केंद्र सरकार ने बीएमएस चिकित्सकों को दो साल के कोर्स के बाद 58 तरह की सर्जरी करने की छूट दी है। केंद्र के इस फैसले का चिकित्सा जगत में भारी विरोध है। क्योंकि, एलोपैथी में एमबीबीएस, इंटर्नशिप, एमएस के अलावा तीन साल के सुपर स्पेशलाइजेशन के बाद डॉक्टर सर्जरी करते हैं। लगभग 11 साल की पढ़ाई और रिसर्च के बाद सर्जरी कर सकते हैं। इधर, सरकार ने होम्योपैथी व आयुर्वेद में बीएमएस करने के बाद दो साल का अतिरिक्त कोर्स करके ही 58 तरह की सर्जरी की छूट दे दी। यह बेहद गलत है। इससे मरीजों को नुकसान है। ऐसा होने पर गांवों के गरीब व मध्यम वर्ग के मरीजों की पहुंच इन चिकित्सकों तक हो जाएगी। इससे मरीजों का नुकसान होगा।

डॉ. थरेजा ने बताया कि निजी अस्पतालों के चिकित्सक हड़ताल पर रहेंगे। जिससे वे मरीजों को नहीं देखेंगे। केवल इमजरेंजसी सेवाएं चालू रहेंगी। जबकि सरकारी अस्सपतालों के चिकित्सकों से वार्ता जारी है। वहां भी कोशिश यही रहेगी कि केवल इमरजेंसी में ही चिकत्सक सेवाएं दें।