CM के गृह क्षेत्र की घटना: तीन-चार दिन से लापता मासूम की हत्या पर भाजपा ने जताया आक्रोश, शेखावत बोले- सुरक्षा की ऐसी अनदेखी क्यों, कब जागेंगे मुख्यमंत्री?

CM के गृह क्षेत्र की घटना: तीन-चार दिन से लापता मासूम की हत्या पर भाजपा ने जताया आक्रोश, शेखावत बोले- सुरक्षा की ऐसी अनदेखी क्यों, कब जागेंगे मुख्यमंत्री?

शहर में तीन दिन से लापता मासूम हिमांशु प्रजापत पुत्र बंशीलाल प्रजापत का शव पोलो ग्राउंड के पास मिलने की खबर के बाद भाजपा जिलाध्यक्ष देवेंद्र जोशी भाजपा पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के साथ परिजनों से मिलने पहुंचे।

सूचना मिलने पर जिला महामंत्री देवेंद्र सालेचा, महेंद्र मेघवाल, पार्षद लक्ष्मीनारायण सोलंकी, मधुमति बोड़ा और सुरेश जोशी सहित अनेक कार्यकर्ता मासूम के परिजनों से मिलने पहुंचे। यहां पर बड़ी संख्या में परिजनों के साथ क्षेत्र के लोग मौजूद थे। जिलाध्यक्ष ने परिजनों से मिलकर मासूम की हत्या पर ढाढ़स बंधाया और विश्वास दिलाया कि भाजपा संकट के समय में पीड़ित परिवार के साथ है।

भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष प्रसन्न मेहता ने भी जोधपुर शहर में मासूम के अपहरण की घटना व हत्या को लेकर आक्रोश जताया और कहा कि प्रदेश में गत कई माह से दुष्कर्म व हत्याओं की घटनाओं में इजाफा हुआ है। आमतौर पर शांत कहे जाने वाले जोधपुर में एक सप्ताह में फायरिंग की दो घटनाएं हो गई। अब मासूम की हत्या होना दुर्भाग्यपूर्ण है। मेहता ने मासूम के हत्यारों को शीघ्र गिरफ्तार करने की मांग की है।

शेखावत ने मासूम बच्चे को अगवा कर हत्या पर जताया आक्रोश

केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने मासूम हिमांशु को अगवा करने के बाद निर्मम हत्या करने पर आक्रोश व्यक्त किया और कहा कि मासूम के परिवार को यह वज्रपात सहने की शक्ति प्रदान करे।

इस मामले में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर निशाना साधते हुए शेखावत ने कहा कि अपराध की हालत ये है कि 4 दिन पहले अगवा हुए मासूम का शव मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र में रेंज आईजी के बंगले के पास फेंका हुआ मिलता है, लेकिन जवाबदेही किसी की नहीं! ये कैसी विडंबना है? इतनी लाचारी क्यों? सुरक्षा की ऐसी अनदेखी क्यों? कब जागेंगे मुख्यमंत्री जी? अब तो सिर्फ़ राहुल गांधी वाली शून्यता ही बची है।

जयपुर के एक अस्पताल में आईसीयू में रेप की घटना पर मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि ना थाना सुरक्षित ना घर ना खेत और अब तो अस्पताल भी सुरक्षित नहीं। राजस्थान में महिलाएं जाएं तो जाएं कहां ? गहलोत सरकार के पास महिला सुरक्षा के नाम पर देने को अब राहुल गांधी वाली शून्यता ही बची है।